Header Ads Widget

तेरा वर्षीय विधान अग्रवाल ने बनाये अनेक यांत्रिक उपकरण..... करोना के लॉकडाऊन का किया सदुपयोग

तेरा वर्षीय विधान अग्रवाल ने बनाये अनेक यांत्रिक उपकरण
 करोना के लॉकडाऊन का किया सदुपयोग
अकोला..स्थानीय जुना आरटीओ परिसर के रामी हेरिटेज का निवासी एव जसनागरा पब्लिक स्कूल का कक्षा सातवी का तेरा वर्षीय विद्यार्थी विधान सुशिलकुमार अग्रवाल टेकडीवाल ने करोना संकट काल का सदुपयोग कर अप्रतिम जरुरती यांत्रिक उपकरण निर्माण कर सभी को आश्चर्य मे डाला.अपने घर के कबाडखाने की सामग्री इकट्टा कर उनसे उपयुक्त उपकरण का निर्माण किया.विधानने करोना महामारी के लॉकडाऊन मे समय व्यर्थ मोबाईल के चक्कर मे न गवाकर  समय को अनुसंधान मे लगाकर घर की उपयोग मे न आनेवाली टुटी फुटी सामग्री लेकर उन वस्तुओ से यांत्रिक उपकरण निर्माण किये. उसने अपनी बेमिसाल वैज्ञानिक दृष्टी इस माध्यम से बालपण मे ही सिद्ध कर अपने घर मे ही इन उपकरण का प्रयोग कर सोसायटी एव  परिसर के नागरिक व परिवार की आश्चर्य मे डाला. विधानने ऑटोमेटीक सिझर गेम, सेन्सर की ऑटोमॅटिक डस्टबिन, सेनिटायझर से हात धोने  का स्वयंचलित यंत्र निर्माण किया. इस यंत्र के समीप हात रखते ही मशीन सेन्सर ऍक्टिव्ह होकर हेंडवाश बाहर आता हैं. ऐसें तीन इलेक्ट्रिकपर चलनेवाले अविष्कार विधान ने कुशलता से साकार किये. 
उसके इस अनोखे प्रयोग को देखने नागरिक घर आकर उसका अभिनंदन कर रहे हैं. अपनी कल्पना से विज्ञान के माध्यम से यह रचनात्मक प्रयोग कर अनुसंधाना मे अपनी रुची होने की बात विधानने स्पष्ट कर वैज्ञानिक दृष्टी सिद्ध की.करोना महामारी मे एकतरफ सभी बालक मोबाईल मे कार्टून खेल देख कर  टाइमपास कर रहा है तो दुसरी तरफ विधानने अपना समय विधायक अनुसंधान हेतू खर्च कर अपने कल्पना की उड्डाण बालपण मे ही भरी हैं.उसे इस प्रयोग मे दादा रमेशचंद्र अग्रवाल टेकडीवाल एव दादी प्रमिला अग्रवाल टेकडीवाल की प्रेरणा मिली. अपने इस उपलब्धी का श्रेय वह अपने पिता सुशिलकुमार अग्रवाल टेकडीवाल एव माता सपना अग्रवाल टेकडीवाल को देता हैं.विधान कर इस अनोखे एव अफलातून प् अनुसंधान का परिसर मे स्वागत हो रहा हैं.

Post a Comment

0 Comments

close